दिनांक 26.04.2026 को थाना फूलपुर क्षेत्रान्तर्गत ग्राम घमहापुर में एक अनियंत्रित कार द्वारा एक महिला को टक्कर लगने की घटना के पश्चात आक्रोशित परिजनों/ग्रामीणों द्वारा कार चालक मनीष सिंह के साथ मारपीट की गई, जिसमें उनकी मृत्यु हो गई थी। थाना फूलपुर पुलिस द्वारा मु0अ0सं0-132/2026 धारा 190, 191(2), 103(2), 324(5), 3(5) बीएनएस पंजीकृत करते हुए त्वरित एवं प्रभावी कार्रवाई के अंतर्गत 02 अभियुक्तों को पुलिस मुठभेड़ के उपरांत तथा 02 अभियुक्तों को आत्मसमर्पण सहित कुल 12 अभियुक्तों की गिरफ्तारी की गई। मामले में विवेचना पूर्ण कर आरोप-पत्र (चार्जशीट) माननीय न्यायालय में प्रेषित किया जा चुका है।
घटना की गंभीरता, अभियुक्तों की आपराधिक पृष्ठभूमि एवं संगठित/गिरोहबद्ध गतिविधियों को दृष्टिगत रखते हुए थाना फूलपुर पुलिस द्वारा दिनांक 04.06.2026 को मु0अ0सं0 0172/2026, धारा 3(1) उत्तर प्रदेश गिरोहबंद एवं समाज विरोधी क्रियाकलाप (निवारण) अधिनियम, 1986 (गैंगस्टर एक्ट) के अंतर्गत निम्नलिखित अभियुक्तों के विरुद्ध कार्रवाई की गई है, जिसका विवरण निम्नवत है—
गैंग लीडर :-
आशीष राजभर पुत्र मुकुंद राजभर, उम्र लगभग 32 वर्ष, निवासी ग्राम घमहापुर, थाना फूलपुर, जनपद वाराणसी।
गैंग सदस्य :-
2. मनीष राजभर पुत्र मुकुंद राजभर, उम्र लगभग 24 वर्ष
3. दीपक राजभर पुत्र दिलीप राजभर, उम्र लगभग 23 वर्ष
4. मनोज प्रजापति पुत्र मोतीलाल प्रजापति, उम्र लगभग 30 वर्ष
5. हरिश्चंद्र राजभर पुत्र स्व. सूरत राजभर, उम्र लगभग 58 वर्ष
6. योगेंद्र प्रजापति पुत्र लालचंद प्रजापति, उम्र लगभग 27 वर्ष
7. गोविंद राजभर पुत्र जंगाली राजभर, उम्र लगभग 34 वर्ष
8. नागेंद्र राजभर पुत्र जंगाली राजभर, उम्र लगभग 39 वर्ष
9. बृजेश प्रजापति पुत्र भोला प्रजापति, उम्र लगभग 30 वर्ष
10. राजेश प्रजापति पुत्र भोला प्रजापति, उम्र लगभग 33 वर्ष
11. अभिषेक उर्फ बुद्धू पुत्र स्व. फूलचंद प्रजापति, उम्र लगभग 40 वर्ष
12. पवन राजभर पुत्र बिंदे राजभर, उम्र लगभग 25 वर्ष
उपरोक्त सभी अभियुक्त ग्राम घमहापुर, थाना फूलपुर, जनपद वाराणसी के निवासी हैं।
गैंगस्टर अधिनियम के अंतर्गत की गई यह कार्रवाई पुलिस की सुदृढ़ पैरवी एवं अपराध के प्रति जीरो टॉलरेंस नीति का परिणाम है। इस कार्रवाई के माध्यम से अभियुक्तों की चल-अचल संपत्ति, आर्थिक स्रोतों तथा संगठित आपराधिक नेटवर्क की विस्तृत जांच कर उनके विरुद्ध प्रभावी विधिक एवं दंडात्मक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
वर्तमान में सभी 12 अभियुक्त न्यायिक अभिरक्षा में निरुद्ध हैं तथा उनके विरुद्ध गैंगस्टर अधिनियम के अंतर्गत आवश्यक विधिक कार्यवाही एवं रिमांड हेतु माननीय न्यायालय से अनुरोध किया गया है।